
जगदलपुर। बस्तर जिले के कोहकापाल पंचायत में लालच की आड़ में नरबलि की कोशिश का मामला सामने आया है। ग्रामीणों के अनुसार गांव के ही दो युवकों ने गड़ा धन पाने की लालच में 12 साल के एक बालक की बलि देने का प्रयास किया। बच्चे ने आरोपियों के चंगुल से छूट कर जैसे- तैसे अपनी जान बचाई।

ग्रामीणों के अनुसार इस घटना के बाद गांव में पंचायत बिठाई गई, जहां दोनों कथित आरोपियों (लखीराम और गुरसाय) ने अपना जुर्म कबूल भी किया। ग्रामीणों के अनुसार उनके द्वारा इस घटना की शिकायत नगरनार थाने में भी की गई, लेकिन पुलिस की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं की गई। दोनों कथित आरोपी गांव में आजाद घूम रहे थे, जिसकी वजह से गांव में डर का माहौल बना हुआ था। इसी डर के चलते ग्रामीणों ने जगदलपुर पहुंचकर सीएसपी से इसकी शिकायत की।
जांच के बाद पुलिस ने पाया कि, दोनों ही आरोपी ने बच्चे का अपरहण कर एक बाबा की मदद से बच्चे पर जादू- टोना करने का प्रयास किया। बच्चे की आंख में पट्टी बांधकर तंत्र विद्या की गई, ताकि गांव में कहीं गड़े धन की जानकारी उन्हें मिल जाए। जिसके बाद जैसे- तैसे बच्चा उनके चंगुल से भाग निकलने में कामयाब हो गया। वहां से भागकर अपने परिवार वालों को बच्चे ने इसकी जानकारी दी। वहीं दूसरी तरफ पुलिस बुधवार देर शाम मामले में दोनों नामजद आरोपियों और एक गांव के बाबा के खिलाफ BNS की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया, फिलहाल पुलिस आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
इस मामले में और भी आरोपियों की सहभागिता होने की बात प्राथमिक जांच में सामने आई है। सीएसपी सुमित कुमार ने बताया कि, इस मामले में 3 नामजद आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गयी है। पुलिस ने आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है जिसमे धारा 137(2) BNS (अपहरण) धारा 127(2) BNS (बंधक बनाना)धारा 351(2) BNS (आपराधिक धमकी) धारा 3(5) BNS (साझा मंशा) के तहत मामला दर्ज किया है। सीएसपी ने बताया कि, अंधविश्वास की वजह से गांव में इस तरह का माहौल बन गया है। फिलहाल अपने तांत्रिक विद्या से गांव वाले को बहकाने वाले एक बाबा को भी गिरफ्तार कर लिया गया है।



